Tuesday, August 18, 2020

Miswak ke 70 fayde मिस्वाक करने के 70 फायदे

 अस्सलामुअलयकुम वरहमतुल्लाही वबरकातुह 

मेरे प्यारे दोस्तों आप देख रहे हैं अरकम इनफो युट्युब चैनल 

दोस्तों इस वीडियो में मिस्वाक करने के 70 फायदुं की जानकारी दीजायेगी तो वीडियो को पुरा देखे और साथ में चेनलको सब्सक्राइब जरूर करले 

तो चलीये शुरू करते हैं 

 हजरत अबू हुरैरा र.अ.से रिवायत है कि रसुलुल्लाह स.व. ने फरमाया अगर में अपनी उम्मत पर इस बात को मुश्किल न जानता तो मुसलमानों को यह हुक्म देता के वो हर नमाज के लीये मिस्वाक करे

     

       इस हदीस का मतलब ये है कि अगर मुझे इस बात का डर न होता कि मेरी उम्मत दुशवारी में पड़ जाएगी तो मैं हर नमाज़ के वक़्त मिस्वाक को ज़रूरी करार देता |


      मिस्वाक की फजीलत कई हदीसों में आई है और इसकी अहमियत का अंदाज़ा इस बात से किया जा सकता है कि ये नमाज़ का सवाब बणा देती है एक रिवायत में है कि जो नमाज़ मिस्वाक करके पणी जाये वो बगैर मिस्वाक के पणी जाने वाली नमाज़ से सत्तर दरजे  बेहतर है |

    तो चलीये जानते हैं मिस्वाक के 70 फायदुं के बारे में 

1. मिस्वाक करने में अल्लाह की खुशनुदी हैं 

2. मिस्वाक वाली नमाज का सवाब 999 गूना और बाझ कीताबों के मुताबिक 440 गुना बण जाता हैं 

3. मिस्वाक को हमेशा करना रीझक को बणाता हैं 

4. मिस्वाक रीझक के अस्बाब की सहुलत का झरीया है 

5. मिस्वाक मुंह को साफ करती है

6. मिस्वाक मसूड़ों को मजबूत करती हैं

7. मिस्वाक सर के दर्द को दूर करती है

8. मिस्वाक सर की रघुं के लिए मुफीद हैं

9.  मिस्वाक बलगम को दूर करती है

10. मिस्वाक दांतुं को मजबूत करती हैं

11.  मिस्वाक मालदारी लाती हैं

12.   मिस्वाक नजर को तीज करती हैं

13.  मिस्वाक मैदा को सही करती हैं

14.  मिस्वाक बदन को ताकत पहुंचाती हैं

15.  मिस्वाक फसाहत और बालागत को पैदा करती है

16.  मिस्वाक याददाश्त को बढ़ाती है

17.  मिस्वाक अकलमंद बना ती है

18.  मिस्वाक दिल को साफ रखती है

19.  मिस्वाक नेकीयों को ज्यादा करती है

20.  मिस्वाक फरिश्तों को खुश रखती हैं

21.  मिस्वाक से चेहरा मुनव्वर हो जाने से  फरिश्ते मुसाफा करते हैं

22.  मिस्वाक की वजह से जब वह नमाज को जाता है  तो फरिश्ते  उसके साथ चलते हैं

23.  मिस्वाक की वजह से मस्जिद की तरफ जाते वक्त  अर्श उठाने वाले फरिश्ते  उसके लिए अस्तघफार करते हैं

24.   मिस्वाक करने वाले को  अंबिया और पैगंबर की  दुआ और अस्तघफार मिलती है

25.  मिस्वाक  शैतान को  नाराज और उसे दूर करती है

26.  मिस्वाक झहन को साफ करने वाली है

27.   मिस्वाक खाना हज्म करती है

28.  मिस्वाक कसरते अवलाद का बाइस है

29.  मिस्वाक पुलसीरात पर बिजली की तरह गुजारने वाली है

30.  मिस्वाक बुढापा देरसे लाती हैं 

31.  मिस्वाक नामऐ आमाल दाहने हाथ में दिलाती है

32.   मिस्वाक जिस्म को इबादते इलाही पर उभारती है

33. मिस्वाक जिस्म की गर्मी को दूर करती है

34.  मिस्वाक बदन के दर्द को दूर करती है

35.  मिस्वाक कमर  यानी पीठ के दरद को दुर करती  हैं 

36. मिस्वाक  मोत के वक्त कलमऐ शहादत याद दीलाती हैं 

37.  मिस्वाक रूह के निकलने को आसान करती है

38.  मिस्वाक दांतों को सफेद करती है

39.  मिस्वाक मुंह को खुशगवार बनाती है

40.  मिस्वाक झहन को तेज करती है

41.   मिस्वाक से कब्र में कुशादगी होती है

42.   मिस्वाक से  कब्र में उंस का बाइस है 

43. मिस्वाक न करने के बराबर लोगुं का सवाब मीलता हैं 

44. मिस्वाक करनेवालुं के लीये जन्नत के दरवाजे खोलदीये जाते हैं 

45.  फरिश्ते मिस्वाक करने वालों की तारीफ करते हुए कहते हैं  यह लोग अंबिया के नक्शे कदम पर चलने वाले हैं

46.  मिस्वाक करने वालों पर जहन्नम का दरवाजा बंद कर दिया जाता है

47.  मिस्वाक करने वाला दुनिया से पाक व साफ  होकर जाता है

48.  फरिश्ते मौत के वक्त इस तरह आते हैं जिस तरह औलिया ऐ कीराम के पास आते हैं  बाझ किताब में है कि अंबिया की तरह आते हैं

49.  मिस्वाक करने वाले की रूह उस वक्त तक दुनिया से नहीं निकलती जबतक के  वो हमारे नबी के होझ मुबारक से रहीके मखतुम का गोंट नही पीलेता

50.  मिस्वाक करने वाले की मुंह की बदबू को खत्म करती है

51.  मिस्वाक बगल की बदबू को खत्म करती है

52.  मिस्वाक जन्नत के दर्जात को बुलंद करती हैं

53.  मिस्वाक सुन्नत का सवाब है

54.  मिस्वाक दाढ़ का दर्द दूर करती है

55.  मिस्वाक शैतान के वसवसुं को दूर करती है

56.  मिस्वाक भुक पैदा करती हैं

57.  मिस्वाक जिस्म की रुतुबत को खत्म करती हैं

58.  मिस्वाक मनी को गाढ़ा करती है

59.  मिस्वाक आवाज को खूबसूरत करती है

60.  मिस्वाक पित्त की तेजी को बुजाती है

61.  मिस्वाक जुबान के मेल को साफ करती है

62.  मिस्वाक गला साफ करती हैं

63. मिस्वाक जरूरतों को पूरा करने में मददगार है

64.  मिस्वाक मुंह में खुशबू पैदा करती है

65.   मिस्वाक दर्द को सुकून देती है

66.  मिस्वाक मौत के अलावा हर मर्ज से शिफा है

67.  मिस्वाक जिस्म का रंग निखारती है

68.  मिस्वाक चेहरे को बा रोनक बनाती हैं

69.   मिस्वाक बालको उगाती है

70.  मिस्वाक का आदि जिस दिन मिस्वाक न करे  उस दिन भी सवाब लिखा जाता है


      तो मेरे प्यारे दोस्तों हर मुसलमान को इस सुन्नत को ज़रूर अपनाना चाहिए।अपने रोज़ाना की पांच वकत की नमाज में पांच बार मिस्वाक करने की आदत डालें और दूसरों को भी यह सलाह दें।


      तो मेरे प्यारे दोस्तों जानकारी अच्छी लगीहोतो वीडियो को लाइक करे और दोस्तों के साथ शेर करे और इसी तरह की इस्लामीक जानकारी पाने के लिये हमारी चेनलको सब्सक्राइब जरूर करें 

अस्सलामुअलयकुम वरहमतुल्लाही वबरकातुह

Wednesday, August 5, 2020

Quran ki maloomat hindi कुरआन की दिलचस्प मालुमात


स.  कुरआन शरीफ क्या है ?
ज.   पूरी दुनिया और  दुनिया की तमाम लोगों की हिदायत के लिए अल्लाह ताआला  का वो कलाम जो आसमानों पर से जिब्रइल अ.स.के जरिए मुहम्मद (स. अ. व.) पर नाजिल किया गया  उस कलाम को कुरआन शरीफ कहते हैं
स.  कुरआन शरीफ के और क्या क्या नाम है?
ज.   कुरआन शरीफ के सिफाती नाम तो बहुत है मगर उसके हकीकी नाम पांच है (1) कुरआन (2)अल फुरकान  (3)अझ झिक्र  (4)अल किताब (5) अत तंजील  इनमें सबसे ज्यादा मशहूर    कुरआन है
स.  कुरआन शरीफ में कितनी मर्तबा कुरआन के नाम से याद किया गया है? 
ज. 61 जगह पर कुरआन को कुरआन के लफ्ज से याद किया गया है
स. कुरआन का मतलब क्या है
ज. कुरआन अरबी जबान का लफ्ज है जिसका मतलब है पड़ी हुई किताब  जिसको पडा जाता हो
स. कुरआन शरीफ आसमान से किस तरह उतारागया है? 
ज. कुरआन शरीफ अल्लाह ताआला के पास लोहे महफूज में मौजूद है वहासे दो मर्तबा उतारा गया है  पहली मर्तबा लोहे महफूज से पहले आसमान पर पूरा कुरआन एक साथ शबे कद्र में उतारा गया. दूसरी मर्तबा जब आप स. अ. व. की  उम्र मुबारक 40 साल हुई तब से शुरू होकर 23 साल 5 महीने में थोड़ा-थोड़ा करके पूरा कुरआन उतारा गया.
स.  कुरआन शरीफ में कितने पारे हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में 30 पारे हैं
स.  कुरआन शरीफ में कितनी सूरते हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में 114 सुरते हैं
स.  कुरआन शरीफ में मक्की सूरते और मदनी सूरते कितनी हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में 28 मदनी सूरते और 86 मक्की सूरते हैं
स.  मक्की सूरत का क्या मतलब होता है? 
ज. जो आयत या सूरत हिजरत से पहले नाजिल हुई है  इसको मक्की कहा जाता है 
स.  मदनी सूरत का क्या मतलब होता है? 
ज.  जो आयत या सूरत हिजरत के बाद नाजिल हुई है  इसको मदनी सूरत कहा जाता है
स.  कुरआन शरीफ में कितने रुकुअ हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में 558 रुकुअ हैं
स.  कुरआन शरीफ में कुल कितनी आयात है? 
ज.  कुरआन शरीफ में कुल 6236 आयात है
स.  कुरआन शरीफ में कितनी सजदह की आयतें हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में 14 सजदह की आयतें हैं
स.  कुरआन शरीफ में सबसे बड़ी सूरत कौन सी है? 
ज.  कुरान शरीफ में सबसे बड़ी सूरत सुरऐ बकराह है जिसमें 40 रुकुअ और 286 आयात हैं 
स.  कुरआन शरीफ में सबसे छोटी  सूरत कौन सी है ? 
ज.  कुरआन शरीफ में सबसे छोटी सूरत सूरऐ कौसर हैं जिसमें  फक्त  तीन आयतें हैं
स.   कौन सी सूरत सबसे पहले नाजिल हुई? 
ज.   सुरये अलक 30 वे पारे की 96 नमबर की सुरत नाझील हुइ
स.  सूरह फातिहा को फातिहा क्यों कहते हैं? 
ज.  फातिहा का मतलब होता है शुरू करने वाली  चुके यह सूरत कुरआन के शुरू में है इसलिए उसे सूरह फातिहा कहते हैं
स.  आयत किसको कहते हैं? 
ज.  आयत का मतलब है निशानी और  कुरआन की एक एक आयत समझने वालों के लिए हक की निशानी है इसलिए उसे आयत  कहते हैं
स.  कुरआन के बारे में क्या अकीदा होना चाहिए? 
ज.  जो कुछ कुरआन में है वह सब हक और सच है और जो कुरआन के खिलाफ है वह सब बातिल है
स.  कुरआन शरीफ में अल्लाह का जाति नाम अल्लाह कितनी मर्तबा आया है? 
ज.  कुरआन शरीफ में अल्लाह तआला का जाती नाम अल्लाह  2584  मर्तबा आया है
स.  ऐसी कौन सी सूरत है जिसकी हर आयत में अल्लाह लफ्ज़ आया है? 
ज.  28 वे पारे में  सूरऐ  मुजादलह  ऐसी सूरत है के जिसमें 22 आयतें हैं और उसकी हर आयत में एक एक दो दो मर्तबा अल्लाह लफ्ज़ आया है  पूरी सूरत की 22 आयत में कुल 40 मर्तबा अल्लाह  लफ्ज आया है
स.   कुरआन शरीफ में आप स. अ. व. का  जाति नाम मुहम्मद  कितनी मर्तबा आया है?
ज.  कुरआन शरीफ में 4 मर्तबा मुहम्मद नाम आया है
स.  कुरआन शरीफ में मुहम्मद   नाम के अलावा दूसरे नामों से कितनी मर्तबा जिक्र हुआ है? 
ज.  216 मर्तबा मोहम्मद के अलावा दूसरे नामों से जिक्र हुआ है
स.  कुरआन शरीफ में कितनी नबीयों का जिक्र हुआ है? 
ज.   कुरआन शरीफ में 25 नबीयों का नाम आया है
स.   कुरआन शरीफ में कितने परिंदों का जिक्र हुआ है? 
ज.  कुरआन शरीफ में 6 परिंदों का जिक्र हुआ है
स.  कुरआन शरीफ में कितनी मस्जिदों का जिक्र हुआ है? 
ज.  कुरआन शरीफ में 5  मस्जिदों का जिक्र हुआ है (1) मस्जिदे हराम(2)  मस्जिदे नबवी(3)  मस्जिदे कुबा(4) मस्जिदे अक्सा(5) मस्जिदे  जीरार( मुनाफिकून की बनाई हुई मस्जिद) 
स.  कुरआन शरीफ में जन्नत के  किन  नामों का जिक्र हुआ है? 
ज.  कुरआन शरीफ में जन्नत के सात नामों का जिक्र हुआ है (1) जन्नते  अदन(2)  जन्नतुन्नइम(3)  जन्नतुल फिरदौस(4) जन्नतुल मअवा(5) दारुस्सलाम(6) दारुल करार(7) जन्नते इल्लीयीन
स.  कुरआन शरीफ में  जहन्नम के किन नामों का जिक्र है?
ज.   कुरआन शरीफ में जहन्नम के 7 नामों का जिक्र है(1) जहन्नम (2) लजा (3) हुलमह (4)  सइर (5) सकर  (6) जहीम (7)हावीया
स. कुरआन  शरीफ में कितने फरिश्तों का नाम के साथ  जिक्र है? 
ज. कुरआन शरीफ में 12 फरिश्तों का नाम के साथ  जिक्र है (1) जिब्राइल अ.स.(2) मिकाइल अ.स.(3) मालिक अ.स(4) हारुत अ.स (5) मारूत अ.स (6)रअद  अ.स. (7)बरक अ.स. (8)सीजल अ.स. (9)कइद अ.स. (10)झुलकरनैन  अ.स. (11)अस्सकीना अ.स.  (12)कीरामन कातीबीन अ.स. 
स.  कुरआन शरीफ में कितने सहाबा का नाम के साथ जिक्र है? 
ज.   कुरआन शरीफ में सिर्फ एक सहाबी का नाम के साथ  जिक्र है  हजरत जैद बीन हारीसा र. का 22 वे पारेमे सुरऐ अहजाब मे  जिक्र है 
स.  उर्दू जुबान में सबसे पहले  कुरान की तफसीर कीस्ने लिखी? 
ज.  उर्दू जुबान में सबसे पहले कुरान की तफसीर  शाह अब्दुल कादिर साहब देहलवी र. अ. ने सं हीजरी 1245 मे लीखी
स.  कुरआन शरीफ मैं एक ऐसा  निकाह  का बयान है जो आसमान पर खुद अल्लाह तआला ने  करवाएं  वह कौन सा निकाह है ?
ज.  वह हजरत मुहम्मद स. अ. व. का हजरत झैनब र.अ. के साथ निकाह हे जो आस्मान पर अल्लाह ने खुद करवाये. 
स.  कुरआन शरीफ में कौन सी सूरत के शुरू में बिस्मिल्लाह नहीं है? 
ज.दसवे पारेमे सुरऐ तौबा के शुरु मे  बिस्मिल्लाह नहीं है
स.  कुरआन शरीफ में नमाज का जिक्र  कितनी मर्तबा आया है? 
ज. कुरआन शरीफ में नमाज का जिक्र 700 मर्तबा आया है
स. कुरआन शरीफ का दिल कोनसी सूरत को कहते हैं? 
ज. सूरऐ यासीन को  कुरआन शरीफ का दिल कहते हैं
स.  कौन सी सूरत को दुल्हन कहा जाता है
ज.  सूरऐ रहमान को  दुल्हन कहां जाता है जो 27 वे पारे मे 55 वी सुरत है
स.   मुअव्वझतैन कौन सी सुरत को कहते हैं? 
ज. मुअव्वझतैन 113/114 वी सुरत यानी सुरऐ फलक और सुरऐ नास को कहते हैं 
स.  हजरत उमर र.अ. कौनसी सुरत सुनकर इमान लाये? 
ज.  हजरत उमर र. अ. सुरऐ ताहा की शुरु की आयते सुनकर इमान लाये. 
स.  कुरआन शरीफ आधा कहां पर होता है? 
ज.  कुरआन शरीफ के  15 वे  पारे मे सुरऐ कहफ की आयत नमबर 19 मे वलयतलत्तफ पर आधा कुरआन  होता है 
स.  कुरआन शरीफ में कतनी औरतों का नाम आया है? 
ज.   कुरआन शरीफ में सिर्फ एक औरत हजरत  मरियम अ.स. का नाम आया हैं 
स.  कुरआन शरीफ में सबसे लंबी आयत कौन सी है ? 
ज.   कुरआन शरीफ में सबसे लंबी आयत  सूरह बकरह की  आयत नंबर 282 है जिसमें 540 हर्फ  है 
स.   कुरआन शरीफ में कितनी  सुरतेंं नबीयों के नाम पर हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में 6 सुरतें नबीयुं के नाम पर है (1) सूरऐ यूसुफ(2) सूरऐ हुद(3)सुरऐ युनुस(4)सुरऐ इब्राहिम (5)सुरऐ नुह(6) सुरऐ मुहम्मद स.अ.
स. कुरआन शरीफ में मरतबे मे कोनसी आयत सबसे बडी हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में आयतुल कुर्सी  मरतबे में सबसे बडी हैं 
स.  कुरआन शरीफ में सबसे ज्यादा उम्मीद दिलाने वाली आयते कौन सी है? 
ज.  कुरआन शरीफ में 24 वे पारे की सूरह जुमर की आयत नमबर 53 सबसे ज्यादा उम्मीद दिलाने वाली आयत हैं 
स.  कुरआन शरीफ में सबसे ज्यादा डराने वाली आयत को नसी हैं ? 
ज.  कुरआन शरीफ में सबसे ज्यादा डराने वाली आयत सूरह बकरा की 278 वी आयत है
स.  जन्नती लोगों को सबसे ज्यादा खुशी किस आयत में हैं? 
ज.  जन्नती लोगों को सबसे ज्यादा खुशी सुरऐ युनुस की आयत नंबर 26 में हैं
स.  जहन्नमी लोगों के लिए सबसे खतरनाक आयत कौन सी है? 
ज.  जहन्नमी लोगों के लिए सबसे खतरनाक आयत सुरऐ नबा की आयत नम्बर 30। हैं। 

स. कुरआन शरीफ में मंझीलें कीतनी हैं? 
ज. कुरआन शरीफ में मंझीलें 7 हैं 
स. कुरआन शरीफ में सुरऐ सजदह में यवमुल फतह कीस दीन को कहा गया है? 
ज. कुरआन शरीफ में सुरऐ सजदह में  यवमुल फतह कयामत के दीन को कहा गया हैं।
स।. कुरआन शरीफ में कुल कितने हर्फ हैं? 
ज.  कुरआन शरीफ में कुल  323671 हर्फ हैं 

Tuesday, August 4, 2020

सेब खाने के फायदे जो आप पढ़ कर हैरान रह जाओगे

सेब के फायदे के बारे में बात करें तो  सेब पोषक तत्वों से भरपुर भंडार माना जाता है। सेब सामान्य से लेकर गंभीर शारीरिक समस्याओं का इलाज करने कीह ताकत रखता है। सेब आपको खुन की कमी, डायबिटीज , हृदय रोग, दमा और  कैंसर जैसी बडी बीमारी से बचाने का काम कर सकता हैं। सिर्फ बिमारी ही नहीं, बल्कि खूबसूरत त्वचा और खूबसूरत बालों के लिए भी सेब खाना बहुत फायदे हैं। 
     तो  चलिए जानते हैं रोज़ाना एक सेब खाने से हमे क्या क्या फायदे मिलते हैं 
      दोस्तों एनीमिया ऐसा रोग हे जीस्मे लीवर कमजोर पडनेसे शरीर मे खुन बन्ना बंद होजाता है जीस्से खुन की  कमी होजाती है तो खुन की कमी को दुर करने के लिए सेब बेहतरीन उपाय हैं रोजाना ऐक सेब खाकर उपर से एक ग्लास दुध पीये यातो सेब का ज्यूस बनाकर एक महीने तक पीया जाये तो खुन की कमी दुर होजायेगी क्योंकि सेब मे भरपूर मात्रा में आयरन पाया जाता हैं। 
      जीन लोगुंकी हड्डियां कमजोर है हाथ पैरों में दर्द रहता हो कमर में दर्द रहता हो या  बच्चों के हाथ पैर कमजोर हो तो सेब का सेवन बहुत ही फायदेमंद है क्योंकि सेब मे काफी मात्रा में कैल्शियम पाया जाता है 
      
     सेब में एंटीऑक्सीडेंट्स पाया जाता हैं, जो त्वचा से जुड़ी समस्या को दूर करता हैं अगर आप के चेहरे पर काले दाग धब्बे मुहासे है या चेहरा पीला दीखता है तो रोजाना सुबह एक सेब जरूर खाये जीस्से त्वचा से दाग धब्बे दुर हो कर त्वचा चमकदार जवान दीखेगी

   सेब मे एन्टी बैक्टेरियल होनेकी वजासे इम्यूनिटी यानी बीमारियों लेडनेकी ताकत बढाकर धातक बीमारियों से बचाता है क्योंकि सेब में कई तरह के विटामिन मिनरल मौजूद होते है जो बीमारियों से बचाता है 
     दोस्तों सेब के और कइ फायदे है जैसा कि ह्रदय को ताकत देता है हार्ड अटैक से बचाता है कोलेस्ट्राल लेवल को कंट्रोल में रखता है शरीर के वजन को बढने नही देता दीमाग को ताकत देकर याद शक्ति को बढाता है लीवर को ताकत देता है कीडनी की पथरी होने से बचाता है आंखों की रोशनी को बढाता है 
   तो दोस्तो रोजाना एक सेब खाया जाये तो हम कइ सारी बीमारियों से बचे रहेंगे और शरीर स्वस्थ जवान बना रहेगा